सीतापुर(उत्तर प्रदेश): जनपद में अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे सघन अभियान के तहत महोली थाना पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने हरियाणा से बिहार जा रहे एक अंतर्राज्यीय शराब तस्कर गिरोह का भंडाफोड़ किया है। तस्करों ने कानून प्रवर्तन एजेंसियों को चकमा देने के लिए गाड़ी पर फर्जी नंबर प्लेट लगा रखी थी। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में अवैध अंग्रेजी शराब बरामद की है।
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर हुई कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक सीतापुर अंकुर अग्रवाल द्वारा जनपद में अवैध शराब के निर्माण, परिवहन और बिक्री के विरुद्ध कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में, अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी) दुर्गेश कुमार सिंह व क्षेत्राधिकारी महोली नागेन्द्र चौबे के पर्यवेक्षण में महोली पुलिस टीम ने कसैला ओवरब्रिज के पास घेराबंदी की। मुखबिर की सूचना पर रोकी गई बलेनो कार की तलाशी में भारी मात्रा में हरियाणा मार्का अंग्रेजी शराब बरामद हुई।
तकनीक का इस्तेमाल और तस्करी का तरीका
पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्तों मुनेश और मन्नू निवासी खानपुर, सोनीपत, हरियाणा ने गिरोह के काम करने का तरीका बताया:
डिजिटल नेटवर्क:पकड़े जाने के भय से गिरोह के सदस्य आपस में केवल 'व्हाट्सएप कॉल' के जरिए संपर्क रखते थे।
नंबर प्लेट का फर्जीवाड़ा: पुलिस को गुमराह करने के लिए कार पर फर्जी नंबर BR29AN7027 लगाया गया था, जबकि चेसिस नंबर की जांच करने पर असली रजिस्ट्रेशन नंबर HR10AX8146 पाया गया।
डिलीवरी और मुनाफा:गिरोह हरियाणा के 'अंजलि ढाबा' से शराब लोड करता था और उसे बिहार तक पहुँचाता था, जहाँ इसे दोगुने दामों पर खपाया जाता था। प्रत्येक खेप के लिए तस्करों को ₹15,000 का भुगतान मिलता था।
बरामदगी का विवरण
पुलिस ने कुल 5 लाख रुपये मूल्य की निम्नलिखित शराब बरामद की है:
रॉयल स्टैग (750 ml):120 बोतल
रॉयल स्टैग (375 ml):115 बोतल
रॉयल स्टैग (180 ml): 450 बोतल
रेड लेवल (750 ml): 60 बोतल
इसके साथ ही पुलिस ने एक विवो मोबाइल फोन और एसबीआई फास्टैग कार्ड भी जब्त किया है। आरोपियों के खिलाफ थाना महोली में मुकदमा अपराध संख्या 186/2026 धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) बीएनएस व 60/63/72 आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है। गिरोह के अन्य फरार साथियों की तलाश के लिए टीमें गठित कर दबिश दी जा रही है।
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