सीतापुर,कोतवाली देहात(उत्तर प्रदेश): जनपद के कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम शंकरपुर में मनरेगा कार्ययोजना के तहत जियो टैगिंग कर रहे एक ग्राम रोजगार सेवक और उनके 13 वर्षीय मासूम बेटे पर दबंगों द्वारा लाठी-डंडों, लात-घूंसों और धारदार हथियारों से जानलेवा हमला करने का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है। हमले में पिता-पुत्र दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने गांव के ही प्रधान पुत्र सहित चार नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
फोन कर बुलाया, फिर रास्ते में रोककर की मारपीट
ग्राम देना निवासी पीड़ित परशुराम पटेल पुत्र रामसनेही, जो वर्तमान में ग्राम पंचायत देना में ग्राम रोजगार सेवक के पद पर कार्यरत हैं, ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि बुधवार दोपहर को ग्राम प्रधान के पुत्र रिजवान ने उन्हें फोन करके मनरेगा की कार्ययोजना के संबंध में जानकारी दी थी। जब परशुराम मनरेगा के 'आफ्टर पास टू' की जियो टैगिंग करने के लिए जा रहे थे, तभी दोपहर करीब 12 बजे शंकरपुर मस्जिद के पास पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन्हें घेर लिया।
मासूम बेटे को भी नहीं बख्शा, धारदार हथियारों से किया वार
आरोपियों ने रोजगार सेवक को देखते ही मां-बहन की अश्लील गालियां देना शुरू कर दिया। जब रोजगार सेवक ने इसका विरोध किया, तो आरोपी मोहम्मद अनीस, मोहम्मद मुनीष, रिजवान और अरमान ने लाठी-डंडों, लात-घूंसों और धारदार औजारों से उन पर हमला बोल दिया। बीच-बचाव करने आए उनके 13 वर्षीय बेटे प्रवीन कुमार पटेल को भी दबंगों ने बेरहमी से पीटा, जिससे उसे गंभीर अंदरूनी चोटें आई हैं। मारपीट के दौरान दबंगों ने रोजगार सेवक का मोबाइल फोन भी तोड़ दिया और जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए।
जिला अस्पताल रेफर, चार के खिलाफ मुकदमा दर्ज
वारदात के बाद लहूलुहान हालत में पीड़ित ने 108 एम्बुलेंस की मदद से अपने और बेटे को सीएचसी परसेंडी में भर्ती कराया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने दोनों की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें जिला चिकित्सालय सीतापुर रेफर कर दिया। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता , 2023 की धारा 115(2), 118(1), 351(2), 352 और 324(4) के तहत केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच उपनिरीक्षक रामचंद्र यादव को सौंपी गई है।
0 टिप्पणियाँ