सीतापुर(उत्तर प्रदेश):जनपद में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे धरपकड़ अभियान के तहत रामकोट पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस टीम ने पिछले करीब ढाई वर्षों से फरार चल रहे ₹25,000 के इनामी मजारिया हिस्ट्रीशीटर को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए शातिर अपराधी के खिलाफ चोरी, नकबजनी और गैंगस्टर एक्ट सहित करीब एक दर्जन मामले दर्ज हैं। पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल के सख्त निर्देश पर वांछितों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के क्रम में यह कार्रवाई की गई है।
ढाई साल से चकमा दे रहा था शातिर
क्षेत्राधिकारी नगर कपूर कुमार के नेतृत्व में थाना रामकोट पुलिस की टीम क्षेत्र में मुस्तैद थी। इसी दौरान मुखबिर की सटीक सूचना पर पुलिस ने घेराबंदी करते हुए धनईखेड़ा मोड़ के पास से अभियुक्त विमल उर्फ सूरज पुत्र रामसरन उर्फ मोदी निवासी धनईखेड़ा, थाना रामकोट को धर दबोचा। पुलिस के मुताबिक, आरोपी विमल थाना रामकोट में दर्ज मु0अ0सं0 33/24 और मु0अ0सं0 604/23 के मामलों में पिछले ढाई साल से वांछित चल रहा था और लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था।
हिस्ट्रीशीटर है आरोपी
गिरफ्तार किया गया अभियुक्त विमल उर्फ सूरज रामकोट थाने का चिन्हित मजारिया हिस्ट्रीशीटर एचएस नंबर- ए-110 है। उसकी लगातार बढ़ती आपराधिक गतिविधियों और लंबे समय से फरार होने के कारण एसपी सीतापुर द्वारा उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस टीम इसकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी।
दर्ज हैं एक दर्जन से अधिक मुकदमे
पुलिस के अनुसार, पकड़े गए अपराधी का इतिहास बेहद काला रहा है। विमल के खिलाफ सीतापुर के कोतवाली नगर, लहरपुर और रामकोट सहित विभिन्न थानों में चोरी, नकबजनी, मारपीट, अवैध मादक पदार्थ की तस्करी यूपी गैंगस्टर एक्ट जैसे गंभीर अपराधों के तहत करीब 11 से अधिक मामले पहले से ही पंजीकृत हैं।
गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम:
शातिर इनामी को सलाखों के पीछे भेजने वाली टीम में रामकोट थानाध्यक्ष पीयूष सिंह, उपनिरीक्षक लालधर प्रसाद, उ0नि0 शिवप्रसाद पाण्डेय, कांस्टेबल शिवम यादव और कांस्टेबल देवेंद्र सिंह शामिल रहे। एसपी ने पुलिस टीम के इस सराहनीय कार्य की सराहना की है।
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